Uttarakhand News 13 Feb 2025: हल्द्वानी में बनभूलपुरा के उजाला नगर में अजीम की आठ माह पहले संदिग्ध हालात में हुई मौत के मामले में नया मोड़ सामने आ गया है। तब मामला सामान्य रूप से आत्महत्या का माना गया था। अब अजीम के मोबाइल फोन के रिसाइकल-बिन में मिली वीडियो क्लिप ने मौके पर दो महिलाओं की मौजूदगी में कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मां ने उनके खिलाफ खुदकुशी के लिए उकसाने की रिपोर्ट भी दर्ज करा दी है।
उजाला नगर निवासी इकबाल के बेटे अजीम की पिछले वर्ष तीन जून को संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई थी। उसका शव दो ऐसी महिलाओं के घर पर मिला था, जिनके अजीम से गहरे संबंध होने की चर्चा थी। घटना के समय अजीम की पत्नी व मां ने इसे लेकर कई आरोप भी लगाए थे। तब मामला आत्महत्या की बात तक केंद्रित होकर रह गया। परिवार वालों ने मान लिया था कि अजीम नशा करता था, उसी के चलते उसने खुदकुशी कर ली।
घटना को आठ माह बीत गए और अजीम का फोन घर में पड़ा रहा। दो दिन पहले अचानक परिवार वालों ने फोन चेक किया। गैलरी में फोटो व वीडियो देखे, लेकिन कुछ सामने नहीं आया। फिर मोबाइल के रिसाइकल-बिन को टटोला तो उसमें एक वीडियो दिखा। इसमें अजीम नजर आया और थोड़ी देर बाद फंदे से लटकती हुई उसकी लाश दिखी। शव के साथ दोनों महिलाएं भी दिखीं। मां ने वीडियो देखने के बाद पुलिस को तहरीर दी। प्रभारी निरीक्षक नीरज सिंह भाकुनी ने बताया कि अजीम की मां तारा बी की तहरीर पर क्षेत्र के एक मोहल्ले में रहने वाली दो बहनों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की प्राथमिकी दर्ज की गई है।
मां के सवाल दोनों महिलाओं को घेरा
तारा बी ने तहरीर में कहा कि घटना के डेढ़ घंटे बाद जब पुलिस पहुंची तो अजीम की लाश जमीन पर रखी हुई थी और शव पर कपड़े थे। जबकि वीडियो में ऐसा नहीं है, वह फंदे से लटक रहा था। उसके सामने दोनों महिलाएं खड़ी थीं। जब शव लटका था तो जमीन पर कैसे आया? कमरे में दोनों महिलाएं मौजूद थीं तो क्या वह मरने का इंतजार कर रही थीं, तुरंत क्यों अस्पताल नहीं ले गईं। मरने के बाद पुलिस बुलाई, डेढ़ घंटे तक क्यों खामोश रहीं।
तहरीर से उठे चार सवाल
- महिलाओं ने दरवाजा कैसे खोला? जबकि वीडियो में वे अंदर ही हैं।
- कमरे की लाइट क्यों नहीं जलाई?
- लाश को कैसे जमीन पर लिटाया?
- उसे कपड़े कैसे पहनाए?










