Uttarakhand News, 27 September 2023: उत्तराखंड: गैंगस्टर नेटवर्क और खालिस्तान समर्थकों पर नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) की कार्रवाई जारी है. इसी कड़ी में देश के कई हिस्सों के साथ-साथ उत्तराखंड पर भी एनआईए की नजर है. इसी सिलसिले में एनआईए की टीम ने उत्तराखंड के दो स्थानों पर छापेमारी की है. बताया जा रहा है कि उत्तराखंड से कुछ लोग हवाला के जरिए खालिस्तान समर्थकों और गैंगस्टर नेटवर्क को मदद पहुंचा रहे थे, जिसके बाद एनआईए द्वारा उधमसिंह नगर के बाजपुर और देहरादून में छापेमारी की कार्रवाई की गई है. दोनों स्थानों से गन डीलर्स को हिरासत में लिया गया है. NIA की टीम सुबह से दोनों स्थानों पर छापा मार रही है.
एनआईए ने खालिस्तान-गैंगस्टर्स नेक्सस पर बड़ा एक्शन लिया है. एनआईए की टीम देश के कई राज्यों में खालिस्तान-गैंगस्टर्स नेक्सस को तोड़ने के लिए छापेमारी कर रही है. वहीं एनआईए की टीम ने उधमसिंह नगर के बाजपुर कोतवाली के ग्राम धनसारा में गन हाउस स्वामी शकील अहमद के घर पर छापेमारी की. बता दें कि, शकील अहमद पंजाब के नाभा जेल प्रकरण (2016) में जेल से बाहर आए मो. असीम का पिता है. असीम पर पंजाब नाभा जेल प्रकरण में आतंकवादियों द्वारा जेल ब्रेक करने में सहयोग करने का आरोप लगा था. इस केस में असीम जेल गया था. अभी हाल में ही असीम जेल से बाहर आया है.
वहीं, NIA ने शकील अहमद को हिरासत में लेते हुए उसके गन हाउस पर भी छापा मारा और जांच पड़ताल करते हुए कड़ी पूछताछ की है. शकील अहमद के पूरे परिवार से NIA पूछताछ कर रही है. एसएसपी उधम सिंह नगर मंजूनाथ टीसी ने बताया कि पिछले दो दिन से NIA की टीम उनके संपर्क में है. NIA को कुछ हाई वैल्यू इनपुट मिले हैं, जिसकी जांच हो रही है. गौर हो कि, पांच अधिकारियों की NIA टीम के साथ रिजर्व पुलिस फोर्स और बाजपुर कोतवाली पुलिस टीम मौजूद है. सुरक्षा के मद्देनजर पूरे घर को पुलिस ने चारों ओर से घेरा हुआ है.
बताते चलें कि उत्तराखंड के उधमसिंह नगर में पूर्व में भी खालिस्तान का समर्थन करने के मामले सामने आ चुके हैं. ऐसे में शक यही है कि अगर प्रदेश में कोई उनका समर्थक है तो उस गठजोड़ को तोड़ा जा सके. बताया जा रहा है कि एनआईए ने खालिस्तान-आईएसआई और गैंगस्टर नेक्सस पर कई इनपुट्स इकट्ठा किए हैं. जिसके बाद एनआईए लगातार छापेमारी कर रही है.
देहरादून में भी एनआईए की छापेमारी: वहीं, एनआईए ने देहरादून के क्लेमेंट टाउन क्षेत्र में स्थित रॉयल गन हाउस मालिक परीक्षित नेगी के घर पर रेड डाली. इस गन हाउस मालिक को पिछले साल दिल्ली पुलिस ने गोलियों के साथ अरेस्ट किया था. दरअसल, दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच टीम ने पांच लोगों को 2000 अवैध कारतूसों के साथ पकड़ा था. जांच में पता चला कि कारतूस देहरादून के गन डीलर परीक्षित नेगी से खरीदे गए थे. इस मामले में परीक्षित फिलहाल जमानत पर था. उसके गन हाउस का लाइसेंस भी प्रशासन ने निरस्त कर दिया था. ये भी सामने आया था कि परीक्षित नेगी ने मई 2022 में अमृतसर में भी कारतूस सप्लाई किया था. परीक्षित नेगी पर खालिस्तान लिबरेशन फ्रंट को गोलियां सप्लाई करने, कारतूस बेचने और हवाला से पैसे भेजने का आरोप है. एनआईए की टीम ने नेगी को हिरासत में लिया गया है. कुछ जरूरी दस्तावेज भी कब्जे में लिए गये हैं. एनआईए की इस कार्रवाई के दौरान स्थानीय पुलिस भी मौजूद रही.
पहले भी उधम सिंह नगर पहुंची है एनआईए टीम: गौर हो कि इस साल मार्च महीने में भी एनआईए उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले के बाजपुर में ग्राम रतनपुरा में छापेमारी कर चुकी है. लंबे समय से यही आशंका जताई जाती रही है कि लंदन में रहने वाले कुछ खालिस्तानी समर्थकों का सीधा ताल्लुक उधम सिंह नगर जिले से हो सकता है. उस वक्त गुरविंदर सिंह के घर छापेमारी की कार्रवाई की गई थी. बताया जाता है कि उधम सिंह नगर में गुरविंदर का एक बड़ा फार्महाउस है और उस पर पहले से ही राष्ट्रीय जांच एजेंसी की नजर रही थी. हालांकि पहले हुई छापेमारी में वह देश से बाहर था. एजेंसियों को यह शक है कि कई खालिस्तान के समर्थक टेरर नेटवर्क का हिस्सा हैं. अमृतपाल को लेकर भी स्थानीय पुलिस से लेकर तमाम एजेंसी कई बार इस इलाके में पहुंच चुकी हैं.
बता दें कि इन दिनों भारत और कनाडा के बीच संबंधों में खटास पैदा हो गई है, जिसकी वजह खालिस्तान टाइगर फोर्स के प्रमुख हरदीप सिंह निज्जर की हत्या है. कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने बीते दिनों कनाडा के संसद में खालिस्तानी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारत पर आरोप मढ़े थे, जिसके बाद भारत ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है. साथ ही दोनों देश में इन दिनों खालिस्तान का मुद्दा गरमाया हुआ है. साथ ही कनाडा और देश में सक्रिय खालिस्तान समर्थकों के नेक्सस और फंडिंग सोर्स को खंगालने में एनआईए व तमाम एजेंसियां जुटी हुई हैं. जिससे खालिस्तानी समर्थकों और फंडिंग सोर्स पर चोट की जा सके. बता दें कि, उत्तराखंड के साथ-साथ पंजाब, यूपी, राजस्थान, हरियाणा के कई स्थानों पर एनआईए ने छापेमारी की कार्रवाई की है.