Uttarakhand News 20 June 2026: नानकसागर बांध क्षेत्र में शुक्रवार को उस समय बड़ा घटनाक्रम सामने आया, जब सरकारी भूमि पर अतिक्रमण हटाने पहुंची संयुक्त टीम ने एक अवैध मजार को भी ध्वस्त कर दिया।

उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की भूमि पर चलाए गए ध्वस्तीकरण अभियान के दौरान टिनशेड के नीचे बनी मजार मिलने से अधिकारी भी चौंक गए।

विभाग ने इसे अवैध निर्माण मानते हुए बुलडोजर से हटवा दिया। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में मजार के निर्माण और उसके उद्देश्य को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया।

पूरे अभियान में उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग, तहसील प्रशासन, पुलिस, पीएसी और फायर सर्विस की संयुक्त टीमें मौजूद रहीं।

नानकमत्ता कोतवाल संजय पाठक ने बताया कि हिस्ट्रीशीटर एवं गैंगस्टर तारा सिंह पुत्र गुरदयाल सिंह निवासी डैम बंडा गिधौर तथा उसके स्वजनों द्वारा नानकसागर बांध से लगी उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की भूमि पर अवैध कब्जा कर पक्का निर्माण किया गया था।

पुलिस का दावा है कि उक्त स्थान का उपयोग लंबे समय से स्मैक, हेरोइन एवं अन्य नशीले पदार्थों की बिक्री और तस्करी के लिए किया जा रहा था। इसी आधार पर पुलिस ने उक्त संपत्ति को चिन्हित कर रिपोर्ट सिंचाई विभाग को भेजी थी।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में चल रहे अभियान के दौरान नानकमत्ता पुलिस ने क्षेत्र के ऐसे अपराधियों की संपत्तियों का सत्यापन शुरू किया, जिनके विरुद्ध नशा तस्करी और संगठित अपराध से जुड़े मामले दर्ज हैं।

जांच में नानकसागर बांध क्षेत्र की भूमि पर अवैध कब्जे का मामला सामने आने पर सिंचाई विभाग को कार्रवाई के लिए पत्र भेजा गया। तृतीय सिंचाई खंड बरेली के अधिकारियों ने भूमि अभिलेखों की जांच के बाद संबंधित लोगों को नोटिस जारी किए।

निर्धारित समय में अतिक्रमण नहीं हटाए जाने पर विभाग ने उपजिलाधिकारी खटीमा को रिपोर्ट भेजी। प्रशासनिक और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद शुक्रवार को ध्वस्तीकरण की कार्रवाई अमल में लाई गई। सुबह से ही नानकसागर बांध क्षेत्र को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया था।

नानकमत्ता और आसपास के थानों की पुलिस, पीएसी तथा फायर सर्विस की टीमें मौके पर तैनात रहीं। सितारगंज तहसील प्रशासन की मौजूदगी में बुलडोजर से अवैध पक्के निर्माण को ध्वस्त कर दिया गया।

कार्रवाई के दौरान उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के जेई सीपी सिंह, सहायक अभियंता नवरत्न सिंह, विजयकांत गौतम, मुकेश कुमार, शीशपाल सहित नानकमत्ता उपतहसील के नायब तहसीलदार नरेंद्र कुमार गहतोड़ी और राजस्व विभाग के कर्मचारी मौजूद रहे।

कार्रवाई के दौरान मिली मजार भी हटाई
ध्वस्तीकरण अभियान के दौरान अतिक्रमित भूमि पर टिनशेड के नीचे बनी एक मजार भी मिली, जिसे सिंचाई विभाग ने अवैध निर्माण मानते हुए ध्वस्त कर दिया। स्थानीय लोगों के अनुसार यह मजार हाल ही में बनाई गई थी।

ग्राम प्रधान जगदीश अटवाल ने बताया कि करीब एक माह पूर्व ही उक्त मजार का निर्माण हुआ था। उन्होंने दावा किया कि इसे अतिक्रमण करने वालों द्वारा ही बनाया गया था।

हालांकि मजार के निर्माण और उसके उद्देश्य को लेकर प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई है।

दर्जनों मुकदमे पंजीकृत
पुलिस अधिकारियों के अनुसार तारा सिंह और उसके परिवार के सदस्यों के विरुद्ध नानकमत्ता, ऊधम सिंह नगर तथा सीमावर्ती जनपदों के विभिन्न थानों में कई आपराधिक मुकदमे पंजीकृत हैं। तारा सिंह वर्तमान में जेल में निरुद्ध है।

पुलिस का कहना है कि अपराधियों द्वारा अर्जित संपत्तियों और सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों की जांच जारी है तथा भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी।

इस कार्रवाई को नानकमत्ता क्षेत्र में नशा तस्करी और सरकारी भूमि पर अतिक्रमण के विरुद्ध प्रशासन के सबसे बड़े अभियानों में से एक माना जा रहा है।

अधिकारियों का कहना है कि कानून और सरकारी संपत्ति पर अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ आगे भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।