Uttarakhand News 06 Aug 2026: मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से अगले दो दिनों के लिए देहरादून में भारी से बहुत भारी वर्षा की चेतावनी जारी किए जाने के बाद जिला प्रशासन हाई अलर्ट पर आ गया है। मसूरी में पूरी रात मूसलधार बारिश हुई।
मौसम विभाग ने आज भी देहरादून, चमोली और बागेश्वर जिलों के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में आज स्कूल बंद रखे गए हैं।
बदरीनाथ हाईवे हेलंग में भूस्खलन से बंद हो गया है। चमोली जिले में 30 से अधिक ग्रामीण मोटर मार्ग बंद हैं। वहीं भारी बारिश से कुनीगाड मल्ली नरेंद्र नगर में भूस्खलन हो गया है। यहां कई घरों में मलबा घुस गया है। उपजिलाधिकारी गैरसैंण सहित प्रशासन और आपदा कंट्रोल नम्बर 112 को सूचना दे दी गयी है।
गंगोत्री हाईवे बंद
गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग धरासू नालू पानी के पास मार्ग बाधित होने की सूचना है।
यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सिलाई बैंड, दुर्बिल के पास लगातार पत्थर व मालवा आने के कारण मार्ग बाधित है।
यमुनोत्री हाईवे सहित सात ग्रामीण मोटरमार्ग बाधित
उत्तरकाशी: बीते बुधवार रात से ही जिला मुख्यालय सहित सभी तहसील क्षेत्रों में वर्षा का सिलसिला जारी है। वर्षा के चलते गंगोत्री हाईवे नालूपानी में भूस्खलन के चलते बंद हुआ था, जिसे खोल दिया गया है।
उधर, यमुनोत्री हाईवे भी सिलाई बैंड, दुर्बिल, जंगल चट्टी, स्याना चट्टी के पास पत्थर व मलबा आने के कारण मार्ग बाधित हुआ। इनमें से सिलाई बैंड में हाईवे अभी भी आवाजाही के लिए बहाल नहीं हो पाया है। जिला आपदा प्रबंधन केंद्र से प्राप्त जानकारी के अनुसार जनपद में यमुनोत्री हाईवे सहित सात ग्रामीण मोटरमार्ग भी बाधित चल रहे हैं।
तीन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, गुरुवार को राज्य के अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम वर्षा और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। देहरादून, चमोली और बागेश्वर में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी वर्षा के साथ आकाशीय बिजली चमकने और अत्यंत तीव्र बारिश के दौर की आशंका जताई गई है।
वहीं, टिहरी, उत्तरकाशी, पौड़ी, पिथौरागढ़, चंपावत, नैनीताल और रुद्रप्रयाग जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में कहीं-कहीं भारी वर्षा होने के साथ गर्जन और बिजली गिरने की संभावना है। हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर में भी गरज-चमक के साथ बारिश की चेतावनी दी गई है।
ट्रेकिंग गतिविधियों पर रोक
जिलाधिकारी डा. आशीष चौहान ने सभी विभागों, आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों और नोडल अधिकारियों को पूर्ण सतर्कता बरतने व किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। पर्वतीय क्षेत्रों में ट्रेकिंग गतिविधियों पर रोक लगा दी गई है।
साथ ही उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पर्यटकों के आवागमन पर भी प्रतिबंध रहेगा, ताकि किसी भी प्रकार की जनहानि से बचा जा सके। जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि किसी भी आपदा या आपात स्थिति में जिला आपदा नियंत्रण कक्ष के दूरभाष नंबर 7534820006, 0135-2720000, 0135-2620006 या टोल फ्री नंबर 1077 पर तत्काल सूचना दें।
हरिद्वार में बुधवार से बारिश जारी
बुधवार की देर शाम से हरिद्वार में बारिश जारी रही। रुड़की में शहर और आसपास के क्षेत्रों में बुधवार रात से रिमझिम वर्षा हो रही है। इस वजह से लोगों को उमस भरी गर्मी से थोड़ी राहत मिल गई है।
कोटद्वार में बुधवार शाम से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला गुरुवार को भी जारी रहा। राष्ट्रीय राजमार्ग 534 दुगड्डा कोटद्वार के बीच पांचवे मील में बरसाती रपटे पर पानी बढ़ने से पूरी रात यातायात बंद रहा। सुबह 7 बजे के बाद यातायात सुचारू हुआ। गुमखाल सतपुली के मध्य राष्ट्रीय राजमार्ग अवरुद्ध है। कई संपर्क मार्ग भी बंद हैं। श्रीनगर गढ़वाल में बीती देर रात से रुक-रुककर हल्की वर्षा होती रही।
देहरादून जिले के डोईवाला में देर रात से हो रही वर्षा के चलते क्षेत्र की सुसवा नदी का प्रवाह निरंतर बढ़ रहा है। जिसके चलते बुल्लावाला स्थित नदी किनारे बने मोक्ष धाम की सुरक्षा दीवार भी क्षतिग्रस्त हो गई है।
ग्रामीणों का आरोप है कि नवनिर्मित पुल निर्माण के दौरान नदी के प्रवाह को एक किनारे पर कर दिया गया है। जिसके चलते सारा पानी मोक्ष धाम के समीप बह रहा है, जिससे लगातार भूमि में कटाव होने के चलते सुरक्षा दीवार क्षतिग्रस्त हो गई है। यदि आगे और वर्षा होती है और पानी का प्रवाह बढ़ता है। तो मोक्ष धाम को भी खतरा हो सकता है।










