Uttarakhand News 19 May 2026: उत्तराखंड की राजनीति के सख्त, ईमानदार और अनुशासित चेहरों में शुमार मेजर जनरल (सेनि) भुवन चंद्र खंडूड़ी का मंगलवार को निधन हो गया।
लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे खंडूड़ी ने मैक्स अस्पताल में अंतिम सांस ली। उनके निधन से राज्य की राजनीति में शोक की लहर दौड़ गई है और एक युग का अंत माना जा रहा है।
सरकार ने उनके सम्मान में तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया है। साथ ही बुधवार को सभी सरकारी कार्यालय बंद रखने के निर्देश जारी किए गए हैं। कल बुधवार को हरिद्वार में अंतिम संस्कार किया जाएगा।
एक अक्टूबर 1934 को देहरादून में जन्मे खंडूड़ी ने भारतीय सेना के इंजीनियरिंग कोर में लंबी सेवा दी। अपनी कार्यकुशलता और सेवाभाव के लिए उन्हें 1982 में ‘अति विशिष्ट सेवा मेडल’ से सम्मानित किया गया। मेजर जनरल के पद से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम रखा।
वह 1991 में पहली बार गढ़वाल लोकसभा सीट से सांसद चुने गए और इसके बाद कई बार संसद पहुंचे। भारतीय जनता पार्टी भारतीय जनता पार्टी के प्रमुख पहाड़ी नेताओं में उनकी पहचान बनी।
अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में उन्हें सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई, जहां उनके कार्यकाल को देश में सड़क विकास और प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना को गति देने के लिए याद किया जाता है।
दूरस्थ गांवों को सड़क नेटवर्क से जोड़ने में उनकी प्रशासनिक सख्ती और दूरदृष्टि को आज भी महत्वपूर्ण योगदान माना जाता है।










